रविवार, 26 अप्रैल 2026

 

विजयीपुर–असोथर मार्ग पर मौत बनकर पलटी बारातियों की बस
खाई में गिरी तेज रफ्तार बस, 15 घायल
तीन की हालत नाजुक

असोथर(फतेहपुर) खुशियों से भरी बारात की यात्रा उस समय चीख-पुकार और अफरा-तफरी में बदल गई, जब विजयीपुर–असोथर मार्ग के पुर गांव के पास बारातियों से भरी एक बस अनियंत्रित होकर सड़क किनारे गहरी खाई में जा पलटी। 

हादसा इतना भीषण था कि बस में सवार करीब 15 लोग घायल हो गए, जिनमें तीन की हालत गंभीर बताई जा रही है।

प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, बस तेज रफ्तार में थी और सड़क किनारे खड़े एक वाहन को बचाने के प्रयास में चालक ने अचानक ब्रेक लगाया, जिससे संतुलन बिगड़ गया और बस पलटती हुई खाई में जा गिरी। बस के पलटते ही मौके पर चीख-पुकार मच गई। 

कई यात्री बस के नीचे दब गए, जिन्हें स्थानीय लोगों ने कड़ी मशक्कत के बाद बाहर निकाला।

हादसे की सूचना मिलते ही आसपास के ग्रामीण मौके पर दौड़ पड़े और घायलों को बाहर निकालने में जुट गए। सूचना पर पहुंची पुलिस ने सभी घायलों को तत्काल अस्पताल भिजवाया। 

गंभीर रूप से घायल तीन लोगों को प्राथमिक उपचार के बाद जिला अस्पताल रेफर किया गया है।

बताया जा रहा है कि बस में लगभग 50 से अधिक बाराती सवार थे, जो शादी समारोह में किशनपुर थानाक्षेत्र के गढ़ा गांव से बंसीलाल के पुत्र शिवशंकर की बारात लेकर असोथर के कौहन गांव के मजरे रमसोलेपुर गांव में जा रहे थे। 

बस में नरौली गांव निवासी सोनू , दापोली , देवा , नानकवा , राजकरण व अन्य घायल हो गए , जिसमें सोनू , दापोली और देवा की स्थिति गंभीर है ।

अचानक हुए इस हादसे ने पूरे इलाके को दहला दिया। सड़क पर देर तक जाम की स्थिति बनी रही।

मौके पर पहुंचे थाना प्रभारी धीरेन्द्र ठाकुर ने घायलों को अस्पताल पहुंचाया और बताया कि 

पुलिस मामले की जांच कर रही है और हादसे के कारणों का पता लगाया जा रहा है।

Continue reading

शनिवार, 25 अप्रैल 2026

असोथर में दो चोरी की घटनाओं का खुलासा, चार युवक गिरफ्तार नकदी, जेवरात व इलेक्ट्रॉनिक सामान बरामद

असोथर पुलिस की हिरासत में खड़े चोर 


असोथर में दो चोरी की घटनाओं का खुलासा, चार युवक गिरफ्तार
नकदी, जेवरात व इलेक्ट्रॉनिक सामान बरामद

असोथर (फतेहपुर)। कस्बा असोथर क्षेत्र में हाल के दिनों में हुई दो अलग-अलग चोरी की घटनाओं का पुलिस ने खुलासा करते हुए चार युवकों को गिरफ्तार किया है। आरोपियों के कब्जे से चोरी गए जेवरात, नकदी और इलेक्ट्रॉनिक उपकरण बरामद किए गए हैं।

जानकारी के अनुसार, पहली घटना 23 मार्च 2026 की रात की है, जब नगर पंचायत असोथर निवासी एक व्यक्ति के घर में अज्ञात चोरों ने ताला तोड़कर जेवरात व नकदी चोरी कर ली थी। इस संबंध में थाना असोथर में मुकदमा दर्ज किया गया था।

दूसरी घटना 23 अप्रैल 2026 की रात की है, जिसमें कस्बा असोथर स्थित एक निजी स्कूल के कार्यालय से लैपटॉप और नकदी चोरी की गई थी। इस मामले में भी थाने में रिपोर्ट दर्ज कराई गई थी।

दोनों मामलों की जांच के दौरान 25 अप्रैल 2026 को पुलिस ने कस्बा असोथर क्षेत्र से चार आरोपियों को हिरासत में लिया। पूछताछ में आरोपियों ने घर व स्कूल में चोरी की घटनाएं करना स्वीकार किया। उनके कब्जे से दो जोड़ी पायल, एक मांगलसूत्र, एक मोबाइल फोन, एक लैपटॉप, एक टैबलेट और 750 रुपये नकद बरामद किए गए।

पुलिस के अनुसार, आरोपियों द्वारा चोरी की घटनाएं आर्थिक लाभ के उद्देश्य से की गई थीं और चोरी की रकम को निजी खर्चों में उपयोग किया गया। बरामदगी के आधार पर मामलों में संबंधित धाराओं की बढ़ोतरी की गई है। गिरफ्तार सभी आरोपियों को न्यायालय में पेश किया गया।

मामले की कार्रवाई जनपद फतेहपुर पुलिस द्वारा नियमानुसार आगे बढ़ाई जा रही है।

Continue reading

बुधवार, 1 अप्रैल 2026

एक करोड़ रुपये की रिकवरी का मामला: प्रशासनिक नोटिस पर जवाबी प्रक्रिया जारी, अंतिम निर्णय शेष

प्रतीकात्मक नोटिस 


 एक करोड़ रुपये की रिकवरी का मामला: प्रशासनिक नोटिस पर जवाबी प्रक्रिया जारी, अंतिम निर्णय शेष

सरकंडी ग्राम सभा एक बार फिर चर्चा में है।

 पीड़ी कार्यालय द्वारा ग्राम प्रधान को लगभग एक करोड़ रुपये की रिकवरी से संबंधित नोटिस जारी किया गया है। प्रशासन का कहना है कि यह कार्रवाई नियमित जांच और अभिलेखों के परीक्षण के बाद की गई है।

खंड विकास अधिकारी असोथर राहुल मिश्रा के अनुसार, नोटिस में मनरेगा तथा ग्राम निधि के अंतर्गत कराए गए विभिन्न विकास कार्यों का उल्लेख है। 

ग्राम प्रधान पुष्पा देवी को 15 दिन का समय दिया गया है, ताकि वे पीड़ी कार्यालय में अपना पक्ष और संबंधित दस्तावेज प्रस्तुत कर सकें। 

शासन के अधिकारियों का कहना है कि जवाब मिलने के बाद ही आगे की कार्रवाई पर निर्णय लिया जाएगा।

वहीं दूसरी ओर, ग्राम प्रधान पक्ष का कहना है कि ग्राम सभा में कराए गए कार्य नियमानुसार हुए हैं और अधिकांश कार्यों का लाभ ग्रामीणों को मिला है। 

पुष्पा देवी प्रधान का यह भी कहना है कि वे निर्धारित समय के भीतर सभी आवश्यक अभिलेख प्रस्तुत कर अपना पक्ष स्पष्ट करेंगी।

प्रशासनिक स्तर पर यह स्पष्ट किया गया है कि नोटिस जारी होना अंतिम निर्णय नहीं होता, बल्कि यह प्रक्रिया का एक चरण है। तथ्यों और दस्तावेज़ों की जांच के बाद ही यह तय होगा कि रिकवरी बनती है या नहीं।

फिलहाल मामला जांच और जवाबी प्रक्रिया के दौर में है। 

ऐसे में प्रशासन और ग्राम प्रधान दोनों पक्षों की बात सामने आने के बाद ही किसी निष्कर्ष पर पहुँचना उचित होगा।

Continue reading

बांदा में अवैध मौरंग खनन और ओवरलोडिंग पर प्रशासन का बड़ा प्रहार आधी रात में 23 वाहन सीज, 135 घन मीटर मोरंग जब्त 44 लाख के राजस्व नुकसान का खुलासा


 बांदा में अवैध मौरंग खनन और ओवरलोडिंग पर प्रशासन का बड़ा प्रहार
आधी रात में 23 वाहन सीज,  135 घन मीटर मोरंग जब्त  44 लाख के राजस्व नुकसान का खुलासा

बांदा : जनपद के बबेरू तहसील क्षेत्र में अवैध मोरंग खनन व ओवरलोडिंग के खिलाफ प्रशासन ने सख्त कार्रवाई करते हुए बड़ा अभियान चलाया। 

मरका खादर खंड संख्या–3 में गठित संयुक्त टीम ने बीती रात छापेमारी कर 23 वाहनों को पकड़ लिया। 

इन वाहनों से कुल 135 घन मीटर अवैध मोरंग जब्त की गई।

वाणिज्य कर विभाग द्वारा की गई प्रारंभिक गणना में अवैध परिवहन से राज्य सरकार को लगभग 44 लाख रुपये के राजस्व नुकसान का आकलन किया गया है। 

यह कार्रवाई बांदा जिलाधिकारी जे. रीभा के निर्देश पर गठित संयुक्त टीम द्वारा अंजाम दी गई।

संयुक्त टीम में सहायक पुलिस अधीक्षक मेविस टाक , एसडीएम सदर नमन मेहता, 

एसडीएम पैलानी अंकित सिंह, बांदा जिले के खान निरीक्षक गौरव गुप्ता तथा 

सहायक संभागीय परिवहन अधिकारी श्यामलाल शामिल रहे। 

सभी पकड़े गए ओवरलोड वाहनों को पुलिस अभिरक्षा में मरका थाने में खड़ा कराया गया है।

जिला खनिज अधिकारी राज रंजन ने बताया कि अवैध मोरंग खनन पर प्रभावी अंकुश लगाने के उद्देश्य से बांदा सदर से विशेष टीम गठित कर औचक जांच की गई थी। 

जांच के दौरान मरका खादर क्षेत्र में मोरंग का अवैध खनन व परिवहन सामने आया।

फिलहाल खदान संचालक के खिलाफ खनिज अधिनियम के तहत कार्रवाई की जा रही है। 

प्रशासन ने स्पष्ट संकेत दिया है कि अवैध खनन और ओवरलोडिंग के खिलाफ आगे भी इसी तरह कड़ी कार्रवाई जारी रहेगी।

Continue reading

मंगलवार, 31 मार्च 2026

1 अप्रैल 2026 से देश में लागू हुए नए नियमअस्पताल, बीमा, बैंकिंग, टैक्स और डिजिटल लेन-देन में बड़े बदलाव, आम आदमी की जिंदगी पर सीधा असर



1 अप्रैल से देश में लागू हुए नए नियम
अस्पताल, बीमा, बैंकिंग, टैक्स और डिजिटल लेन-देन में बड़े बदलाव, आम आदमी की जिंदगी पर सीधा असर

✍️ गौरव सिंह संपादक आत्मगौरव.इन
नई दिल्ली : देश में 1 अप्रैल से नए वित्तीय वर्ष की शुरुआत के साथ ही अस्पताल, बीमा, बैंकिंग, टैक्स, डिजिटल पेमेंट और सार्वजनिक सेवाओं से जुड़े कई अहम नियम लागू हो गए हैं। सरकार और नियामक संस्थाओं ने इन बदलावों को पारदर्शिता, उपभोक्ता सुरक्षा और सिस्टम को सरल बनाने की दिशा में बड़ा कदम बताया है। हालांकि शुरुआती दिनों में लोगों को नई प्रक्रियाओं के अनुसार खुद को ढालना होगा।

🏥 अस्पतालों से जुड़े नए नियम


स्वास्थ्य सेवाओं को लेकर अब मरीजों के अधिकारों को और मजबूत किया गया है।
इलाज शुरू करने से पहले मरीज या परिजनों को अनुमानित खर्च की जानकारी देना अनिवार्य किया गया है।
अस्पतालों को इलाज, दवाइयों और जांच का स्पष्ट बिल देना होगा।
मरीजों के डिजिटल मेडिकल रिकॉर्ड सुरक्षित रखने पर जोर दिया गया है।
बीमा धारकों के साथ भेदभाव और अनावश्यक देरी पर सख्ती बढ़ाई गई है।
इमरजेंसी इलाज में मरीज से पहले भुगतान की शर्तों को लेकर दिशानिर्देश और स्पष्ट किए गए हैं।

🛡️ बीमा नियमों में बड़े बदलाव


बीमा धारकों को राहत देने के उद्देश्य से कई नए प्रावधान लागू हुए हैं।
हेल्थ इंश्योरेंस क्लेम को समय पर निपटाना अब कंपनियों की जिम्मेदारी होगी।
क्लेम खारिज होने की स्थिति में लिखित और ठोस कारण बताना अनिवार्य किया गया है।
पॉलिसी लेते समय शर्तें, कवरेज और एक्सक्लूजन सरल भाषा में बताना जरूरी होगा।
कैशलेस इलाज की प्रक्रिया को और सुचारु बनाने के निर्देश दिए गए हैं।
गलत जानकारी देकर पॉलिसी बेचने पर बीमा कंपनियों पर सख्त कार्रवाई का प्रावधान किया गया है।


🏦 बैंकिंग नियमों में बदलाव


नए वित्तीय वर्ष के साथ बैंकिंग व्यवस्था में भी अहम बदलाव किए गए हैं।
डिजिटल लेन-देन को अधिक सुरक्षित बनाने के लिए अतिरिक्त सत्यापन व्यवस्था लागू की गई है।
निष्क्रिय बैंक खातों को लेकर केवाईसी अपडेट अनिवार्य कर दिया गया है।
एटीएम, चेक और ऑनलाइन बैंकिंग सेवाओं से जुड़े शुल्कों में बदलाव किया गया है।
धोखाधड़ी रोकने के लिए संदिग्ध ट्रांजैक्शन पर तत्काल अलर्ट सिस्टम को मजबूत किया गया है।
ग्राहकों की शिकायतों के निपटारे के लिए समय-सीमा तय की गई है।

💳 डिजिटल पेमेंट और साइबर सुरक्षा


ऑनलाइन फ्रॉड पर रोक लगाने के लिए नए नियम लागू किए गए हैं।
ऑनलाइन भुगतान के दौरान अतिरिक्त सुरक्षा प्रक्रिया जरूरी होगी।
बड़े ट्रांजैक्शन पर निगरानी बढ़ाई गई है।
साइबर ठगी की शिकायतों पर तेजी से कार्रवाई के निर्देश दिए गए हैं।


🧾 टैक्स और वित्तीय नियम


नया टैक्स वर्ष शुरू होने के साथ टैक्स फाइलिंग और रिपोर्टिंग से जुड़े नियमों में बदलाव हुए हैं।
करदाताओं के लिए प्रक्रिया को सरल और डिजिटल बनाने पर जोर दिया गया है।
पेनाल्टी और नोटिस व्यवस्था को अधिक पारदर्शी बनाने की कोशिश की गई है।
♻️ स्वच्छता और नागरिक नियम

घर से निकलने वाले कचरे को अलग-अलग श्रेणियों में बांटना अनिवार्य किया गया है।
स्थानीय निकायों को स्वच्छता व्यवस्था पर सख्ती से अमल करने के निर्देश दिए गए हैं।

📌 आम आदमी पर असर


इन सभी नियमों का सीधा असर मरीज, बीमाधारक, खाताधारक, नौकरीपेशा और व्यापारियों पर पड़ेगा। जहां एक ओर इलाज, बीमा और बैंकिंग में पारदर्शिता बढ़ेगी, वहीं लोगों को नई प्रक्रियाओं को समझने और अपनाने में थोड़ा समय लगेगा।
Continue reading

शनिवार, 28 मार्च 2026

असोथर में मिट्टी खनन माफिया का साम्राज्य! जेसीबी गरज रही, प्रशासन बना तमाशबीन



✍️ शैलेश सिंह गौतम 


👉🏼 _सत्ता की आड़ में अवैध खनन का खेल, अफसर बोले“जानकारी नहीं”, गांव-गांव उजड़ रही उपजाऊ जमीन


असोथर/फतेहपुर:-थाना क्षेत्र असोथर में इन दिनों अवैध मिट्टी खनन का काला कारोबार चरम पर है। खनन माफिया पूरी तरह बेलगाम हो चुके हैं और जेसीबी मशीनों से खेतों व बंजर जमीनों का सीना चीरकर मिट्टी निकाली जा रही है। ओवरलोड ट्रैक्टरों से खुलेआम मिट्टी की सप्लाई हो रही है, लेकिन जिम्मेदार अधिकारी मूकदर्शक बने हुए हैं।
सूत्रों के अनुसार असोथर, जरौली, कौहन, देइमऊ, घाटमपुर, हरनवा, बेसडी, ऐझी, सरकंडी, बौडर, कटरा और कंधिया सहित एक दर्जन से अधिक गांवों में खनन माफिया रोज ठिकाना बदलकर अवैध खनन कर रहे हैं। दिन-रात जेसीबी मशीनों की गड़गड़ाहट से धरती छलनी हो रही है और सरकारी राजस्व को भारी नुकसान पहुंचाया जा रहा है।
ग्रामीणों में इसको लेकर भारी आक्रोश है। उनका कहना है कि खनन माफिया खेतों की उपजाऊ परत तक हटा ले जा रहे हैं, जिससे भविष्य में खेती संकट में पड़ सकती है।
सबसे चौंकाने वाली बात यह है कि माफियाओं का नेटवर्क इतना सक्रिय है कि अधिकारियों के पहुंचने की भनक लगते ही जेसीबी मशीनें बंद कर दी जाती हैं और ट्रैक्टरों को गांवों में छिपा दिया जाता है।

👉🏼 *सत्ता का संरक्षण?

स्थानीय लोगों का आरोप है कि कई खनन माफिया खुद को सत्ता पक्ष से जुड़ा बताते हैं और इसी रसूख के दम पर बेखौफ होकर अवैध खनन करा रहे हैं। सत्ता की आड़ में उन्हें प्रशासन का कोई डर नहीं है, जिससे उनका मनोबल लगातार बढ़ता जा रहा है।

👉🏼 *जरौली चौकी क्षेत्र बना हॉटस्पॉट*
जरौली चौकी क्षेत्र में 2-3 जेसीबी और आधा दर्जन से अधिक ट्रैक्टरों से बड़े पैमाने पर मिट्टी खनन और ढुलाई की जा रही है। मिट्टी को औने-पौने दामों में बेचा जा रहा है।

👉🏼 *अफसरों का ‘जानकारी नहीं’ राग*
जब इस मामले में थाना प्रभारी धीरेंद्र ठाकुर से बात की गई तो हर बार की तरह एक ही जवाब रहा जानकारी में नही है लेकिन दिखवाते है।
वहीं खनन अधिकारी देशराज सिंह ने भी अवैध खनन की जानकारी न होने की बात कही, हालांकि जांच कर कार्रवाई का आश्वासन दिया।

👉🏼 बड़े सवाल खड़े

जब पूरे क्षेत्र में दिन-रात जेसीबी की आवाज गूंज रही है, तो आखिर जिम्मेदार अधिकारी अनजान कैसे हैं? क्या यह महज लापरवाही है या फिर सिस्टम खनन माफिया के आगे झुक चुका है?

असोथर में जारी अवैध खनन अब सिर्फ पर्यावरण और किसानों के लिए ही नहीं, बल्कि प्रशासन की साख के लिए भी गंभीर खतरा बन चुका है।
Continue reading

गुरुवार, 18 दिसंबर 2025

🗞️ कोहरे की चादर में लिपटा फतेहपुर, ठंड से जनजीवन प्रभावित

  


🗞️ कोहरे की चादर में लिपटा फतेहपुर, ठंड से जनजीवन प्रभावित
🗞️ कोहरे की चादर में लिपटा फतेहपुर, ठंड से जनजीवन प्रभावित
फतेहपुर (उत्तर प्रदेश)।

जिले में ठंड और घने कोहरे का प्रकोप लगातार बढ़ता जा रहा है। सोमवार सुबह फतेहपुर समेत ग्रामीण इलाकों में घना कोहरा छाया रहा, जिससे दृश्यता काफी कम हो गई। कोहरे के कारण सड़कों पर वाहन रेंगते नजर आए और सुबह के समय आवागमन प्रभावित रहा।


सुबह से ही ठंडी हवाओं और गलन ने लोगों को घरों में दुबकने पर मजबूर कर दिया। तापमान में गिरावट दर्ज की गई, जिससे खासकर बुजुर्गों, बच्चों और बीमार लोगों को परेशानी का सामना करना पड़ा। लोग अलाव और गर्म कपड़ों का सहारा लेते दिखाई दिए।


कोहरे का असर स्कूल जाने वाले बच्चों और दफ्तर जाने वाले कर्मचारियों पर भी पड़ा। कई स्थानों पर वाहन चालकों को हेडलाइट जलाकर चलना पड़ा। ग्रामीण क्षेत्रों में सुबह के समय खेतों और सड़कों पर दृश्यता बेहद कम रही।


मौसम विभाग के अनुसार, आने वाले कुछ दिनों तक सुबह के समय कोहरा और ठंड का असर बने रहने की संभावना है। दिन में हल्की धूप निकल सकती है, लेकिन गलन से राहत मिलने के आसार कम हैं।


प्रशासन और स्वास्थ्य विभाग ने लोगों से अपील की है कि अनावश्यक रूप से सुबह जल्दी बाहर न निकलें, गर्म कपड़े पहनें और बच्चों का विशेष ध्यान रखें। वाहन चालकों को सावधानी बरतने और धीमी गति से चलने की सलाह दी गई है।



कुल मिलाकर, फतेहपुर में ठंड और कोहरे ने जनजीवन को प्रभावित कर दिया है और लोग फिलहाल सर्द मौसम से राहत के इंतजार में हैं।

Continue reading

बुधवार, 8 अक्टूबर 2025

फतेहपुर में भीषण सड़क हादसा: तालाब में गिरी स्कार्पियो, प्रयागराज के चार युवकों की दर्दनाक मौत

 

फतेहपुर में भीषण सड़क हादसा: तालाब में गिरी स्कार्पियो, प्रयागराज के चार युवकों की दर्दनाक मौत


फतेहपुर, संवाददाता।

कानपुर–प्रयागराज हाईवे पर बुधवार भोरपहर एक भीषण सड़क हादसे में चार युवकों की मौत हो गई, जबकि पांच अन्य गंभीर रूप से घायल हो गए। हादसा उस समय हुआ जब एक स्कार्पियो कार अनियंत्रित होकर बड़ौरी टोल प्लाजा के पास सड़क किनारे बने गहरे तालाब में जा गिरी।


कानपुर से लौटते वक्त हुआ हादसा


जानकारी के अनुसार, प्रयागराज जनपद के थाना खुल्दाबाद क्षेत्र के लकड़मंडी मोहल्ले के नौ युवक बुधवार तड़के मोतीझील, कानपुर में आयोजित पाल समाज विवाह सम्मेलन से वापस घर लौट रहे थे। बताया गया कि ये सभी एक ही कार में सवार होकर भोर पहर करीब तीन बजे प्रयागराज के लिए निकले थे।


करीब चार बजे के आसपास जब वाहन हाईवे पर बड़ौरी गांव के पास पहुंचा, तभी चालक को झपकी आने से कार अनियंत्रित हो गई और सीधे सड़क किनारे बने तालाब में जा गिरी। हादसा इतना भयावह था कि स्कार्पियो पूरी तरह पानी में समा गई।


ग्रामीणों ने दी सूचना, पुलिस ने निकाले शव


शोरगुल सुनकर आसपास के ग्रामीण मौके पर पहुंचे और तुरंत पुलिस को सूचना दी। राहत-बचाव दल ने गोताखोरों की मदद से कार में फंसे युवकों को बाहर निकाला। इस दौरान चार युवकों की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि पांच को गंभीर हालत में नजदीकी अस्पताल भेजा गया।


मृतकों और घायलों की पहचान


मृतकों की पहचान —


ननकी सोनकर (32 वर्ष)


शिवम साहू (35 वर्ष)


राहुल केसरवानी (33 वर्ष)


साहिल गुप्ता (28 वर्ष)

(सभी निवासी — लकड़मंडी, खुल्दाबाद, प्रयागराज)



घायल युवकों में —

राहुल गुप्ता (35), अमित कुमार विश्वकर्मा (30), नीरज पाल (30), सुमित सिंह (22) और महेश केसरवानी (32) शामिल हैं।


पुलिस ने शव भेजे पोस्टमार्टम को


थाना प्रभारी अखिलेश सिंह ने बताया कि चार युवकों की मौत हुई है। सभी शवों को पोस्टमार्टम के लिए भेजा गया है और घायलों का उपचार जारी है। हादसे की सूचना पर मृतकों के परिजनों में कोहराम मच गया।


Continue reading

सोमवार, 12 मई 2025

नशे में धुत ट्रैक्टर चालक ने बाइक सवार को रौंदा, ग्रामीणों ने पकड़ा भगोड़ा ड्राइवर



फतेहपुर के असोथर में मैकुवापुर गांव, सरकंडी के पास शनिवार शाम सात बजे नशे अनियंत्रित ट्रैक्टर ड्राइवर ने ओवरस्पीडिंग में बाइक सवार को जोरदार टक्टर मार दिया ,  बिना नंबर प्लेट के महिंद्रा 265 DI ट्रैक्टर, जो ओवरलोड मोरम लेकर नशे में धुत चालक द्वारा चलाया जा रहा था, ने मोटरसाइकिल सवार जय सिंह (पुत्र श्रीचंद्र) को जोरदार टक्कर मार दी। 
बाबू सिंह चौराहा से अपने घर लौट रहे जय सिंह की मोटरसाइकिल के परखच्चे उड़ गए, और बाइक सवार की हालत अत्यंत गंभीर बताई जा रही है।

*शराब के नशे में दौड़ रहें ट्रैक्टर और ट्रक ड्राइवर , टक्कर मार कर भाग रह रहे ड्राइवर को ग्रामीणों ने पकड़ा*

हादसे के बाद ट्रैक्टर चालक मौके से भागने की फिराक में था, लेकिन सजग ग्रामीणों ने उसे दौड़कर पकड़ लिया। नाराज ग्रामीणों ने तत्काल पुलिस को सूचना दी, जिसके बाद ट्रैक्टर को कब्जे में लिया गया। 
प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, चालक शराब के नशे में था, जिसके चलते उसने ट्रैक्टर पर नियंत्रण खो दिया और यह भीषण हादसा हुआ।

*घायल जय सिंह की जिंदगी अधर में*

गंभीर रूप से घायल जय सिंह को तुरंत इलाज के लिए फतेहपुर के अस्पताल ले जाया गया, जहां उनकी हालत नाजुक बनी हुई है। 
इस हादसे ने सरकंडी क्षेत्र में दहशत और आक्रोश फैला दिया है।

*ग्रामीणों में गुस्सा, पुलिस से कार्रवाई की मांग*
हादसे के बाद सरकंडी और कठौता स्थानीय लोगों ने गैर जनपद बांदा जिले से मर्का खादर खंड 2 व खंड संख्या 4 से अनवरत ओवरलोड मौरंग भर कर बिना नंबर प्लेट और ओवरलोड वाहनों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग उठाई है। 
ग्रामीणों का आरोप है कि नशे में वाहन चलाने और नियमों की अनदेखी के कारण आए दिन ऐसी घटनाएं हो रही हैं।

यह हादसा न केवल एक परिवार की जिंदगी पर भारी पड़ सकता है, बल्कि यह सवाल भी उठाता है कि क्या प्रशासन और असोथर की पुलिस अब जागेगी
Continue reading

मंगलवार, 28 जनवरी 2025

प्रयागराज मौनी अमावस्या पर जा रहे महाकुंभ, तो प्रयागराज का रूट डायवर्जन से लेकर ट्रेन; रहने-खाने और Entry-Exit तक की पूरी जानकारी

कुंभ मेले के सबसे बड़े स्नान पर्व मौनी अमावस्या पर 10 करोड़ से अधिक श्रद्धालुओं के आने का अनुमान है। 

इस भव्य आयोजन के लिए प्रयागराज में व्यापक इंतजाम किए गए हैं। 

इस खबर में हम आपको मेले में आने-जाने के लिए ट्रेन और रूट डायवर्जन की जानकारी रहने-खाने की व्यवस्था और एंट्री-एग्जिट पॉइंट्स के बारे में विस्तार से बताएंगे।

144 साल बाद लगने वाला आस्था का सबसे बड़ा महापर्व महाकुंभ है।



ये नजारा फिर न जाने कितने वर्षों बाद देखने को मिले, इसलिए निकल पड़िए घरों से और आइए घूमिए महाकुंभ नगर और सहेज लीजिए जिंदगी के नए फलसफे की अमिट यादें। 

लेकिन आने से पहले तो रहने-खाने, ट्रेन, रूट के डायवर्जन और कुंभ मेले में अंदर जाने और बाहर निकलने के लिए इन बातों पर जरूर ध्यान दें।
महाकुंभ के सबसे बड़े स्नान पर्व मौनी अमावस्या के अमृत स्नान पर 10 करोड़ से अधिक श्रद्धालुओं के आने का अनुमान है। 

किसी भी श्रद्धालु को असुविधा न हो, इसके लिए शासन-प्रशासन ने जबरदस्त इंतजाम किए हैं। 
लगभग 12 किलोमीटर के क्षेत्र में विकसित सभी 44 घाटों पर स्नान कराने की तैयारी है।

आईएएस-आईपीएस अधिकारियों की तैनाती


महाकुंभ के घाटों पर एसडीएम के साथ सीओ, तहसीलदारों को जिम्मेदारी सौंपी गई है। वहीं संगम तट के घाटों के साथ ही ऐरावत घाट व अरैल घाट पर आईएएस अधिकारियों और एडीएम व एसडीएम रैंक के पीसीएस अधिकारियों को लगाया गया है। इसके अलावा प्रयागराज समेत इसके आसपास चारों ओर स्थित 10 जिलों के डीएम व एसपी को भी लगा दिया गया है।

यह है महाकुंभ प्रयागराज की प्रशासनिक व्यवस्था 


  • 1,00,00,000 यात्रियों को ट्रेन से यात्रा कराने की तैयारी
  • 400 ट्रेनें मौनी अमावस्या पर एक दिन में चले रही हैं, इसमें 170 से अधिक विशेष ट्रेनें हैं
  • 1,060 ट्रेनें मौनी अमावस्या पर चार दिनों में चलेंगी इसमें 400 विशेष ट्रेन होंगी
  • 15,00,000 लोग मौनी अमावस्या पर ट्रेन से यात्रा करेंगे
  • 1,30,000 यात्री एक साथ आठ स्टेशन के यात्री आश्रय स्थल में रुक सकेंगे
  • 1,000 अतिरिक्त सफाई कर्मी स्टेशन पर होंगे
  • 2,000 अतिरिक्त सफाईकर्मी ट्रेनों की सफाई करेंगे

रहने-खाने का इंतजाम

मौनी अमावस्या (Mauni Amavasya) के अमृत स्नान के लिए पहले से ही भारी भीड़ उमड़ने लगी है। महाकुंभ मेला क्षेत्र के सभी संतों और कल्पवासियों तथा संस्थाओं के शिविर भर चुके हैं। रैन बसेरों में भी जगह नहीं है। शहर के होटल से लेकर मेला क्षेत्र में बनाए गए सरकारी व निजी टेंट सिटी का भी यही हाल है। वहीं खाने के लिए मेला क्षेत्र में ही कई दुकानें मौजूद हैं।



किस घाट पर करें स्नान


महाकुंभ (Mahakumbh 2025) के मेला क्षेत्र में ऐरावत संगम घाट भी विकसित किया गया है जहां पूर्वी उत्तर प्रदेश के जिलों, बिहार, उड़ीसा, बंगाल, छत्तीसगढ़, झारखंड, पूर्वोत्तर के राज्यों के श्रद्धालु स्नान कर सकेंगे।

मध्य प्रदेश, गुजरात, राजस्थान, महाराष्ट्र समेत दक्षिण भारत के श्रद्धालुओं के लिए विशेष तौर पर अरैल में स्नान घाट बनाए गए हैं।
दिल्ली, पश्चिमी उत्तर प्रदेश, उत्तराखंड, हरियाणा-पंजाब से आने वाले श्रद्धालुओं के लिए संगम से लेकर नागवासुकि तक घाट पर स्नान कराने की तैयारी की है। 

ट्रेनों व बसों से आने वाले श्रद्धालुओं तथा निजी वाहनों से आ रहे श्रद्धालुओं को स्नान कराकर शीघ्र ही सकुशल वापसी पर जोर दिया गया है।

सिटी साइड से मिलेगा प्रवेश (Mahakumbh Entry Point)

प्रयागराज में आठ रेलवे स्टेशनों प्रयागराज जंक्शन, सूबेदारगंज, छिवकी, नैनी, रामबाग, झूंसी, प्रयाग व फाफामऊ से ट्रेनों का संचालन किया जा रहा है। 

इन स्टेशनों के आसपास यातायात व्यवस्था में परिर्वतन किया गया है। 
चार पहिया वाहनों को स्टेशन परिसर में प्रवेश नहीं दिया जा रहा है।
प्रयागराज जंक्शन में केवल सिटी साइड से प्रवेश मिल रहा है और निकास सिविल लाइंस साइड से होगा। 

आरक्षित यात्रियों को सिटी साइड से गेट नंबर पांच के माध्यम से अलग से प्रवेश दिया जा रहा है। 

नैनी जंक्शन पर प्रवेश केवल स्टेशन रोड से व निकास केवल मालगोदाम की ओर (द्वितीय प्रवेश द्वार) से मिल रहा है। आरक्षित यात्री यहां गेट नंबर दो से प्रवेश करेंगे। 

छिवकी स्टेशन में प्रवेश केवल प्रयागराज-मीरजापुर राजमार्ग को जोड़ने वाले सीओडी मार्ग से मिलेगा।

मेला क्षेत्र में वाहनों के प्रवेश पर रोक


महाकुंभ में श्रद्धालुओं की भारी भीड़ के कारण यातायात व्यवस्था प्रभावित हो गई है। 
मौनी अमावस्या से पहले उमड़ी भीड़ के चलते मेला क्षेत्र में पैदल चलना भी दूभर हो गया है। 

तीर्थ यात्रियों की सुविधा को ध्यान में रखते हुए मेला क्षेत्र में सभी तरह के वाहनों के प्रवेश पर रोक लगा दी गई है।

हालांकि, आवश्यक वस्तुओं से संबंधित वाहनों और साधु-संतों के वाहनों को प्रवेश की अनुमति रहेगी, लेक‍िन ऐसे साधु संत के वाहन ही मेले में जाएंगे जो वहां रह रहे हैं। 

इस दौरान मीडिया को छोड़कर अन्य किसी के पास मान्य नहीं रहेंगे।

प्रयागराज जाने वाले वाहनों का टोल टैक्स माफ


प्रदेश सरकार की मांग पर केंद्र सरकार महाकुंभ के दौरान प्रयागराज में प्रवेश करने पर सभी सात टोल प्लाजा पर टैक्स मुक्त करने का निर्णय लिया है। 
27 जनवरी की रात आठ बजे से 30 जनवरी यानि प्रमुख स्नान पर्व के दौरान 72 घटे तक तक कुंभ नगरी में प्रवेश करने पर टोल टैक्स नहीं लिया जाएगा। 

भारतीय राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण (एनएचएआई) की ओर से प्रक्रिया टोल फ्री किए जाने की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है।
Continue reading